विश्व खाद्य दिवस: आपका गाइड

हर साल 16 अक्टूबर को विश्व भर में एक खास दिन मनाया जाता है – विश्व खाद्य दिवस। इस दिन का उद्देश्य दुनिया के खाने‑पीने की स्थिति पर नजर डालना और बेहतर समाधान ढूँढना है। अगर आप भी जानना चाहते हैं कि यह क्यों ज़रूरी है, तो पढ़ते रहिए.

क्यों मनाते हैं विश्व खाद्य दिवस?

संयुक्त राष्ट्र ने 1979 में इस दिन को तय किया ताकि हर व्यक्ति को पर्याप्त और पोषित खाना मिले। भारत जैसे बड़े देश में भी भूख‑मरी के मामले अभी खत्म नहीं हुए। किसान, वैज्ञानिक और नीति‑निर्माता मिलकर नई तकनीकें लाते हैं, लेकिन आम जनता को इनके असर दिखाने की ज़रूरत है। इस दिन से उन्हें जागरूकता बढ़ती है और सरकार के कार्यक्रमों पर ध्यान दिलाया जाता है।

घर में आसान कदम क्या हो सकते हैं?

आपको बड़े बदलाव करने की ज़रूरत नहीं, छोटे‑छोटे काम बहुत असर कर सकते हैं। पहले तो अपने परिवार को पोषक‑तत्वों के बारे में बताइए – दाल, चावल, सब्ज़ी और फल का सही मिश्रण क्यों जरूरी है। फिर फ्रीज में बचे हुए खाने को ठीक से संग्रहीत करें, ताकि वेस्ट कम हो। अगर आपके पास थोड़ा बगीचा या बालकनी है, तो आसान‑आसान हरे पौधे उगाएँ – मिर्च, टमाटर, तुलसी जैसी चीजें जल्दी तैयार होती हैं और घर के मेन्यू में ताजगी जोड़ती हैं.

दूसरा सरल उपाय है स्थानीय बाजार से सस्टेनेबल प्रोडक्ट खरीदना। जब आप पास की मंडी या किसान मंडी से सब्ज़ी लेते हैं, तो ट्रांसपोर्ट का कार्बन फूटप्रिंट कम होता है और किसानों को सीधे फायदा मिलता है. साथ ही, मौसमी फल‑सब्ज़ी खाने से पोषण भी बेहतर रहता है.

अगर आप खाना बचाते समय थोड़ा ध्यान दें, तो बहुत कुछ बचाया जा सकता है। एक बर्तन में बचा हुआ सूप या करी अगले दिन दोबारा गर्म करके नया व्यंजन बना सकते हैं। इससे ना सिर्फ पैसे बचते हैं, बल्कि कचरे की मात्रा भी घटती है.

अंत में, बच्चों को खाने‑पीने के महत्व से परिचित कराएँ. स्कूल में होने वाले ‘खाद्य दिवस’ कार्यक्रमों में भाग लें या घर पर ही छोटी‑छोटी एक्टिविटी रखें – जैसे कि सब्ज़ियों के रंग पहचानना या पोषक तत्वों की गिनती करना। जब बच्चों को समझ आएगा, तो वे भी बड़े होकर इस दिशा में कदम बढ़ाएँगे.

संक्षेप में कहें तो विश्व खाद्य दिवस सिर्फ एक तारीख नहीं, बल्कि हर दिन का संकल्प है. छोटे‑छोटे बदलाव आपके परिवार और समाज दोनों को स्वस्थ बना सकते हैं. तो इस साल 16 अक्टूबर पर खुद से वादा करें – थोड़ा कम वेस्ट, अधिक पोषण और सस्टेनेबल खाने की आदतें अपनाएँ.

विश्व खाद्य दिवस 2024: महत्व, इतिहास और थीम के साथ खाद्य सुरक्षा की जागरूकता
Ranjit Sapre

विश्व खाद्य दिवस 2024: महत्व, इतिहास और थीम के साथ खाद्य सुरक्षा की जागरूकता

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विश्व खाद्य दिवस 2024: महत्व, इतिहास और थीम के साथ खाद्य सुरक्षा की जागरूकता

विश्व खाद्य दिवस प्रत्येक वर्ष 16 अक्टूबर को भूख और कुपोषण के प्रति जागरूकता बढ़ाने और इन मुद्दों के खिलाफ कार्रवाई को बढ़ावा देने के लिए मनाया जाता है। इस दिन की स्थापना 1979 में खाद्य और कृषि संगठन (FAO) द्वारा की गई थी। 2024 की थीम 'सभी को भोजन का अधिकार' है, जो खाने के बुनियादी मानव अधिकार पर जोर देती है।

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