SIR क्या है? भारतीय क्रिकेट, खेल और समाज में SIR की भूमिका

जब कोई खिलाड़ी अपने कोच की ओर मुड़ता है, या एक नवागंतुक अपने सीनियर को संबोधित करता है, तो वो कहता है — SIR, एक सम्मानजनक संबोधन जो भारतीय संस्कृति में अनुभव, अधिकार और आदर को दर्शाता है. यह सिर्फ एक शब्द नहीं, बल्कि एक संस्कृति है — जो क्रिकेट के मैदान से लेकर कक्षाओं तक फैली हुई है। भारत में SIR का इस्तेमाल अक्सर उन लोगों के लिए होता है जिनके पास ज्ञान, अनुभव या पद होता है। लेकिन आजकल ये शब्द सिर्फ शिक्षकों या बुजुर्गों तक सीमित नहीं रहा।

बीसीसीआई, भारतीय क्रिकेट का शासी निकाय जो खेल के सभी पहलुओं को नियंत्रित करता है के अंदर भी SIR का रिवाज जीवित है। जब मिथुन मानहास बीसीसीआई के अध्यक्ष बने, तो उन्हें अधिकारियों और खिलाड़ियों दोनों ने SIR कहकर संबोधित किया। ये शब्द अब एक औपचारिक टाइटल नहीं, बल्कि एक सामाजिक बंधन बन गया है। यही वजह है कि जब हरमनप्रीत कौर टीम के साथ मैदान में आगे बढ़ती हैं, तो उनके साथी खिलाड़ी उन्हें भी SIR कहते हैं — न केवल उनकी नेतृत्व क्षमता के लिए, बल्कि उनके अनुभव और जिम्मेदारी के लिए।

क्रिकेट, भारत का सबसे लोकप्रिय खेल जो राष्ट्रीय भावना का हिस्सा बन चुका है के मैदान पर SIR का इस्तेमाल एक अनौपचारिक अधिकार का प्रतीक है। चाहे वो जोस बटलर हों या सिराज, जब कोई नए खिलाड़ी उनकी ओर देखता है, तो उसकी आँखों में एक अलग तरह का सम्मान होता है। यही वजह है कि जब नश्रा संधु ने विश्व कप में हिट-विकेट किया, तो उसके टीममेट्स ने उसे SIR कहकर बधाई दी — क्योंकि वो अब सिर्फ एक खिलाड़ी नहीं, बल्कि एक प्रेरणा बन गई थीं।

आज भारत में SIR का अर्थ बदल रहा है। ये अब सिर्फ उम्र या पद का नहीं, बल्कि नेतृत्व, जिम्मेदारी और समर्पण का नाम है। चाहे वो राधिका मर्चेंट हों जो लालबागचा राजा में नारंगी सूट पहनकर आती हैं, या अन्नूप जो ऑटो रिक्शा चलाते हुए 25 करोड़ जीत गए — अगर कोई अपने काम में अद्वितीय है, तो उसे SIR कहने का अधिकार है।

इस पेज पर आपको ऐसे ही कई कहानियाँ मिलेंगी — जहाँ SIR एक शब्द नहीं, बल्कि एक चरित्र है। चाहे वो बीसीसीआई के नए अध्यक्ष हों, या विम्बल्डन में हारने वाली खिलाड़ी, या फिर उन लोगों की कहानियाँ जिन्होंने अपने काम से समाज को बदल दिया। ये सभी अलग-अलग दुनियाएँ हैं, लेकिन एक ही शब्द उन्हें जोड़ता है — SIR।

SIR दबाव में दो राज्यों में BLO की आत्महत्या, चुनाव आयोग ने कलेक्टर से मांगी रिपोर्ट

Ranjit Sapre नवंबर 16, 2025 राजनीति 17 टिप्पणि
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